कण-कण में महादेव
★ कण-कण में महादेव ★
श्रद्धा हो तो पत्थर में भी भगवान हैं,
और विश्वास हो तो,
केदार और अमरनाथ में,
साक्षात् महादेव का वास है।
लय और शक्ति
डम-डम डमरू बाजे भारी,
गूंज रहा है नाम त्रिपुरारी,
शंख बजे और गूंजे श्लोक,
शिव चरणों में तीनों लोक।
गूँज उठा है सारा अंबर,
बम-बम भोले के नारों से,
मेरा शिव ही रक्षक है मेरा,
लड़ जाऊगी तूफानों से,
जय शिव शम्भू! जय महाकाल!
हिमालय की चोटियों से,
गूँज रहा इक नाम,
जय केदार, जय अमरनाथ,
पावन दोनों धाम,
हर-हर महादेव!
🙏 जय हिंद 🙏
आपका अपना
अहसास डायरी ✍️
● महादेव का कौन सा स्वरूप आपके मन को सबसे ज्यादा शांति देता है ?
● क्या आपने कभी महसूस किया है कि जब कोई रास्ता न दिखे, तो 'महाकाल' की कृपा ने राह दिखाई हो ?
● नीचे कमेंट में अपनी अहसास साझा करें।



Jai bholenath 🙏
ReplyDelete🙏🙏🕉🙏🙏🌹🌹
ReplyDeleteश्री शिवाय नमस्तुभ्यं 🙏
ReplyDeleteजय भोलेनाथ 🙏
ReplyDeleteमेरे बाबा 🙏
ReplyDeleteJai shiv sankar 🙏
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